बैतूल मध्यप्रदेश
रिपोर्टर :-कमलाकर तायवाड़े
स्मार्ट मीटर के खिलाफ सड़कों पर उतरी जनता, कलेक्टर कार्यालय में गूंजे विरोध के नारे, 100 से ज्यादा लोगों ने जताया आक्रोश, राजेश गावंडे के नेतृत्व में सौंपा ज्ञापन,₹100-150 के बिल से ₹4 हजार तक का दावा, जनता बोली,स्मार्ट मीटर नहीं, लूट का नया तरीका”
मध्यप्रदेश के बैतूल जिले में स्मार्ट मीटर को लेकर जनता का आक्रोश अब सड़कों पर दिखाई देने लगा है। युवा समाजसेवी राजेश गावंडे के नेतृत्व में एक सैकड़ा से अधिक उपभोक्ताओं ने रैली निकालकर कलेक्टर कार्यालय पहुंचकर जमकर नारेबाजी की और स्मार्ट मीटर व्यवस्था का कड़ा विरोध दर्ज कराया।
प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि जिन घरों में पहले महज 100 से 150 रुपये तक के बिजली बिल आते थे, स्मार्ट मीटर लगने के बाद उन्हें चार हजार रुपये से अधिक के बिल थमाए जा रहे हैं। उपभोक्ताओं का यह भी कहना है कि बिल जमा नहीं करने पर बिजली आपूर्ति अपने आप बंद हो जाती है।
जनता ने स्मार्ट मीटर की रीडिंग, बिलिंग और तकनीकी क्षमता की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है। प्रदर्शनकारियों ने कहा कि उपभोक्ताओं की सहमति और पारदर्शी प्रक्रिया के बिना स्मार्ट मीटर नहीं लगाए जाएं।
ज्ञापन में पुराने और नए मीटर की रीडिंग की तुलना, स्वतंत्र तकनीकी जांच, शिकायतों के निराकरण के लिए विशेष प्रकोष्ठ और विवादित बिलों पर कार्रवाई रोकने की मांग की गई है। अब देखना होगा कि जनता के इस आक्रोश पर प्रशासन और बिजली विभाग क्या कदम उठाता है।