ताप्ती की मिट्टी और धान के रेशों से सजे बप्पा: नेपा लिमिटेड में 70 साल पुरानी पर्यावरण-अनुकूल गणेशोत्सव परंपरा जारी

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ताप्ती की मिट्टी और धान के प्राकृतिक रेशों से सजे गणराज, नेपा में 70 साल से कायम पर्यावरण की परंपरा

 

नेपा लिमिटेड में विधि-विधान से श्रीगणेश स्थापना, सीएमडी नरेश सिंह ने की सभी के मंगल की कामना

 

भारी उद्योग मंत्रालय, भारत सरकार के उपक्रम नेपा लिमिटेड के अंतर्गत संचालित श्री गणेश एवं श्री दुर्गा उत्सव समिति द्वारा पंडित जवाहरलाल नेहरू क्रिकेट स्टेडियम में श्रीगणेश प्रतिमा की विधि-विधान से स्थापना की गई। समिति के मुख्य संरक्षक एवं नेपा लिमिटेड के सीएमडी नरेश सिंह ने पूजन-अर्चन किया। पंडित मुकेश नागर ने धार्मिक क्रियाएं संपन्न कराकर आरती कराई। इस अवसर पर सीएमडी नरेश सिंह ने श्रीगणेश उत्सव की शुभकामनाएं देते हुए नेपा परिवार एवं क्षेत्रवासियों के सुख, शांति, समृद्धि और मंगल की कामना की।

 

जनसंपर्क अधिकारी संदीप ठाकरे ने बताया कि नेपा लिमिटेड में वर्ष 1957 से लगातार श्रीगणेश एवं नवरात्रि के अवसर पर प्रतिमाओं की स्थापना की परंपरा चली आ रही है। इस परंपरा की सबसे खास बात यह है कि यहां शुरू से ही पर्यावरण अनुकूल प्रतिमाओं को प्राथमिकता दी जाती रही है। इस वर्ष भी श्रीगणेश प्रतिमा ताप्ती नदी की मिट्टी और धान के प्राकृतिक रेशों से तैयार की गई है। पश्चिम बंगाल के मुर्शिदाबाद निवासी आशीष कुमार शर्मा का परिवार पीढ़ियों से नेपानगर में मिट्टी की गणेश एवं दुर्गा प्रतिमाएं तैयार करता आ रहा है। प्राकृतिक सामग्री से निर्मित यह प्रतिमा आस्था के साथ पर्यावरण संरक्षण का संदेश भी दे रही है।

श्रीगणेश स्थापना के अवसर पर समिति के संरक्षक एवं निदेशक वित्त पी.जे.एम. डिक्सन, समिति अध्यक्ष एवं मुख्य महाप्रबंधक राम अलगेसन, उपाध्यक्ष एवं उप मुख्य महाप्रबंधक सुरेंद्र मेहता, समारोह सचिव एवं वरिष्ठ प्रबंधक कार्मिक एवं प्रशासन ज्ञानेश्वर खैरनार, विभागाध्यक्ष पेपर मशीन महेंद्र केशरी, नेपा मिल श्रमिक संघ अध्यक्ष प्रवीण सोनी, कंपनी सचिव धनन्जय शर्मा सहित दिनेशचंद्र सोहले, देवेंद्र कुमार पाण्डेय, शिरीष येलवनकर, मुकेश चौहान, सुब्रोतो दास, गणेश दीक्षित, नवल पाटिल, राकेश चाकरे, जगदीश सोनी आदि उपस्थित रहे।

 

 

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