प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में नारी शक्ति को मिला ऐतिहासिक सम्मान, भाजपा ने किया संकल्प साकार — सांसद ज्ञानेश्वर पाटील
– प्रधानमंत्री के लाइव उद्बोधन को एक साथ देखा और सुना
बुरहानपुर। संसद के विशेष सत्र (16, 17 और 18 अप्रैल) में प्रस्तुत होने वाले नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लेकर देश के प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी ने सोमवार को नई दिल्ली में आयोजित महिला सम्मेलन से लाइव संबोधन दिया।
इस अवसर पर बुरहानपुर के परमानंद गोविंदजीवाला ऑडिटोरियम में जिला स्तरीय कार्यक्रम का आयोजन किया गया, जहां बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, पदाधिकारी और कार्यकर्ता उपस्थित रहे। कार्यक्रम में सांसद ज्ञानेश्वर पाटील, जिला अध्यक्ष डॉ. मनोज माने, विधायक श्रीमती अर्चना चिटनीस, महापौर श्रीमती माधुरी अतुल पटेल, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष श्रीमती जयश्री ज्ञानेश्वर पाटील, महिला मोर्चा जिला अध्यक्ष श्रीमती किरण रायकवार,मातृशक्ति सहित गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे । सभी ने प्रधानमंत्री के लाइव उद्बोधन को एक साथ देखा और सुना।
इस अवसर पर सांसद ज्ञानेश्वर पाटील ने अपने ओजस्वी और विस्तृत संबोधन में प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी जी के प्रयासों की सराहना करते हुए कहा कि देश में महिलाओं के सशक्तिकरण की दिशा में जो ऐतिहासिक पहल आज दिखाई दे रही है, वह प्रधानमंत्री के दृढ़ संकल्प और दूरदर्शी नेतृत्व का परिणाम है। उन्होंने कहा कि नारी शक्ति वंदन अधिनियम केवल एक विधेयक नहीं, बल्कि देश की आधी आबादी को उनका हक, सम्मान और निर्णय लेने की भागीदारी दिलाने वालाक्रांतिकारी कदम है।
पीएम मोदी जी के नेतृत्व में देश में एक नया युग प्रारंभ हुआ।
सांसद पाटील ने कहा कि वर्षों से लंबित इस महत्वपूर्ण पहल को साकार करने का कार्य भारतीय जनता पार्टी ने किया है।
उन्होंने कहा कि भाजपा ने सदैव महिलाओं के उत्थान और सशक्तिकरण को प्राथमिकता दी है—चाहे उज्ज्वला योजना, मातृत्व सुरक्षा, या अन्य जनकल्याणकारी योजनाएं हों—हर क्षेत्र में महिलाओं को सशक्त बनाने का निरंतर प्रयास किया गया है। प्रधानमंत्री मोदी जी के नेतृत्व में देश में एक नया युग प्रारंभ हुआ है, जिसमें महिलाएं केवल लाभार्थी नहीं, बल्कि राष्ट्र निर्माण और नीति निर्धारण में सक्रिय भागीदार बन रही हैं।
सांसद ने उपस्थित कार्यकर्ताओं से आह्वान किया कि वे इस ऐतिहासिक अधिनियम की जानकारी घर-घर तक पहुंचाएं और समाज में जागरूकता फैलाएं, ताकि अधिक से अधिक महिलाएं इसका लाभ उठा सकें।
कार्यक्रम के दौरान पूरे परिसर में उत्साह, गर्व और ऊर्जा का वातावरण देखने को मिला। उपस्थित जनसमूह ने प्रधानमंत्री के संबोधन और इस ऐतिहासिक पहल का जोरदार स्वागत किया।